टोंक। वंचित अनुसूचित जाति/जनजाति समुदाय के लोगों ने शुक्रवार को अपने अधिकारों के लिए एकजुट होकर हुंकार भरी। आरक्षण में उप वर्गीकरण के समर्थन में निकाली गई इस विशाल रैली में वाल्मिकी, सांसी, नायक, भील, कलंदर, बावरी और कोली समाज के सैकड़ों लोग शामिल हुए। उन्होंने राष्ट्रपति के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए सुप्रीम कोर्ट के आरक्षण में उप वर्गीकरण के फैसले का त्वरित कार्यान्वयन करने की मांग की।

सभा में विभिन्न समाजों के प्रतिनिधियों ने उठाई आवाज
गांधी पार्क में रैली से पूर्व आयोजित सभा में वाल्मिकी महापंचायत के प्रदेश संयोजक राजेश पारोचिया, माणक चन्द सौदा, रामबाबू परवाना, नाथू लाल चांवरिया सहित कई प्रमुख वक्ताओं ने अपने विचार रखे। सभी ने एक सुर में आरक्षण में उप वर्गीकरण की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि इससे वंचित समुदायों को वास्तविक न्याय मिल सकेगा।

आवाज बुलंद करने वाले प्रमुख चेहरे
रैली में वाल्मिकी, सांसी, नायक, भील, कलंदर, बावरी और कोली समाज के कई प्रमुख चेहरे शामिल हुए, जिनमें पार्षद हकीकत राय सौदा, सेठ गुलाब मीणा, विजय कुमार सौदा, अरुण कुमार सौदा, मनोज पारोचिया, दूलीचंद बारवासिया, पप्पू वाल्मिकी, मदन धाप, मनोज राजोरिया, और कई अन्य प्रमुख नाम शामिल थे। भील समाज, नायक समाज, सांसी समाज और अन्य वंचित समुदायों के प्रतिनिधियों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
अति वंचित समुदायों की पुकार: जल्द हो न्याय
अति वंचित अनुसूचित जाति/जनजाति आरक्षण संयुक्त मोर्चा के बैनर तले निकली इस रैली ने सरकार से जल्द से जल्द सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लागू करने की अपील की। सभा में वक्ताओं ने कहा कि आरक्षण का सही लाभ तभी मिलेगा जब उप वर्गीकरण होगा और असली वंचितों को उनके अधिकार मिलेंगे।
रैली ने टोंक के लोगों को एकजुटता का संदेश दिया और सरकार पर दबाव बनाया कि वह इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर शीघ्रता से कार्यवाही करे।